Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
गले में कफ या इरà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨ होने पर आपको नहीं खानी चाहिठये 4 चीजें, जानिठकà¥â€à¤¯à¤¾ है बचाव के उपाय
à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ का कहना है कि बॉडी की इमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ की कमी से आपको खांसी-जà¥à¤•ाम जैसी शिकायतें हो सकती हैं। à¤à¤¸à¥‡ में जरूरी है कि कà¥à¤› खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ से परहेज किया जाà¤à¥¤
आपको खांसी-जà¥à¤•ाम à¤à¤• गंà¤à¥€à¤° संकेत माना जा रहा है। हालांकि यह बदलते मौसम में अनà¥â€à¤¯ संकà¥à¤°à¤®à¤£à¤¾à¥‡à¤‚ का à¤à¥€ संकेत हो सकता है। फिâ€à¤° à¤à¥€ यह à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ है जब आपको अपने खानपान पर नियंतà¥à¤°à¤£ रखने की जरूरत होती है। अगर इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में लापरवाही की जाठतो हालात बिगड़ à¤à¥€ सकते हैं। यहां हम उन फूडà¥à¤¸ के बारे में बात करने वाले हैं, जिनका आपको गले में कफ या इरà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨ होने पर परहेज करना चाहिà¤à¥¤
शरीर के बैकà¥â€à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ से मà¥à¤•ाबले का उपकरण à¤à¥€ है कफ अकसर जब à¤à¥€ आपको फà¥à¤²à¥‚ या वायरल होता है, तो आपने महसूस किया होगा कि गले में कफ बनने लगता है।
पर आपको जान कर हैरानी होगी कि कफ कोई समसà¥â€à¤¯à¤¾ नहीं, बलà¥à¤•ि समसà¥â€à¤¯à¤¾ का संकेत और उससे बचाने का उपकरण है। कफ फेफड़ों और निचले शà¥à¤µà¤¸à¤¨ तंतà¥à¤° में उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ होता है। हालांकि à¤à¤• सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ शरीर के लिठथोड़ा कफ जरूरी होता है, लेकिन बहà¥à¤¤ अधिक कफ से आपको परेशानी हो सकती है।
आप जब à¤à¥€ सांस लेते हैं, तो धूल- मिटà¥à¤Ÿà¥€ और बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ कफ में फà¥à¤²à¤¾à¤ˆ पेपर की तरह फंस जाते हैं। कफ के साथ ये बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¥€ बॉडी से बाहर निकल जाते हैं। इस तंतà¥à¤° को ठीक तरह से काम करने के लिठजरूरी है कि आप दवा के अलावा कà¥à¤› चीजों से परहेज à¤à¥€ करें।
जानिठउन खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ के बारे में, जिनसे आपको कफ या इरिटेशन होने पर परहेज करना चाहिà¤
1 जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ तली हà¥à¤ˆ चीजें
जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ तला-à¤à¥à¤¨à¤¾ खाना आपके गले को दिकà¥à¤•त दे सकता है। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि इनमें तय मातà¥à¤°à¤¾ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ मसाला और ऑयल होता है। ये दोनों ही चीजें आपके गले को खराब कर सकती हैं। इस दौरान शरीर कमजोर हाेता है, इसलिठजरूरी है कि डीप फà¥à¤°à¤¾à¤ˆà¤¡ चीजों की बजाठसंतà¥à¤²à¤¿à¤¤ और सादा à¤à¥‹à¤œà¤¨ लें।
2 ठंडी चीजों से बचें
गरà¥à¤®à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का मौसम है, हम समठसकते हैं कि इस मौसम में कूलिंग डà¥à¤°à¤¿à¤‚कà¥â€à¤¸ और आइसकà¥à¤°à¥€à¤® के लिठआपकी कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग कितनी बढ़ जाती है। पर हमारी दादी-नानी के समय से यह हिदायत दी जा रही है कि जब गला खराब हो तो ठंडी चीजों से परहेज करना चाहिà¤à¥¤
ठंडा पानी, फà¥à¤°à¤¿â€à¤œ में रखी ठंडी चीजें और आइसकà¥à¤°à¥€à¤® से आपको तब तक परहेज करना चाहिठजब त आपका गला पूरी तरह ठीक न हो जाà¤à¥¤
3 दूध सेवन न करें
आपको बता दें खांसी में दूध या दूध से बनी चीज़ों का सेवन आपके कफ को बढ़ाता है और ये आपकी सेहत के लिठà¤à¥€ काफी à¤à¥€ हानिकारक हो सकता है। दूध का सेवन आपके गले और फेफड़ों के लिठअचà¥à¤›à¤¾ नहीं होता। ये आपको इन दोनों से जà¥à¤¡à¤¼à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾ दे सकता है।
गले में खराश या इरà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨ होने पर बेहतर है कि आप दूध में हलà¥â€à¤¦à¥€ डाल कर पिà¤à¤‚। यह आपकी इमà¥â€à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ बढ़ाने में à¤à¥€ मददगार होगा।
गले में कफ या खराश होने पर आप आजमा सकती हैं ये घरेलू उपाय
1 नमक के पानी से गरारे करें
गले से बलगम को बाहर निकालने के लिठसà¥à¤¬à¤¹ और शाम गà¥à¤¨à¤—à¥à¤¨à¥‡ पानी में नमक मिलाकर इससे गरारे करना मददगार हो सकता है। ये गले से कफ निकालने का सबसे बेहतर तरीका है। इसके अलावा आप à¤à¤• कप गरà¥à¤® पानी में à¤à¤• चमà¥à¤®à¤š नमक और à¤à¤• चमà¥à¤®à¤š सेब का सिरका मिलाकर à¤à¥€ गरारे कर सकती हैं। पर इसे करने से पहले डॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ जरूर कर लें।
2 मà¥à¤²à¥‡à¤ ी है उपयोगी
मंजिषà¥â€à¤ ा या मà¥à¤²à¥‡à¤ ी गले की समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं के लिठà¤à¤• रामबाण उपाय है। मà¥à¤²à¥‡à¤ ी के छोटे से टà¥à¤•डे को कà¥à¤› देर मà¥à¤‚ह में रखकर चबाà¤à¤‚। इससे गले की खराश दूर होती है और दरà¥à¤¦ तथा सूजन से राहत मिलती है। जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° गायक अपने दैनिक जीवन में मà¥à¤²à¥‡à¤ ी लेना पसंद करते है, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¥€ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° गले की समसà¥à¤¯à¤¾ होती है।
3 सेब का सिरका
गरम पानी में 2 चमà¥à¤®à¤š सेब के सिरके को डाल कर पीने से गले का दरà¥à¤¦ कम हो जाता है। सेब के सिरके में अमà¥à¤²à¥€à¤¯ गà¥à¤£ मौजूद होते हैं, जो गले में सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ को मार देते हैं।
इंसà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤‚ट रिलीफ के लिठआजमा सकती हैं ये उपाय:
– लौंग, तà¥à¤²à¤¸à¥€, अदरक और काली मिरà¥à¤š को पानी में डालकर उबालें। अब इसमें चाय पतà¥à¤¤à¥€ डालकर चाय बना कर पिà¤à¤‚। ये चाय गले में दरà¥à¤¦ à¤à¤µà¤‚ खराश में आराम देती है।
– गले में संकà¥à¤°à¤®à¤£ होने पर दिन में दो-तीन बार सौंफ को चबाकर खाà¤à¤‚।
– चार से पांच काली मिरà¥à¤š के साथ दो बादाम पीसकर खाने से आराम मिलता है।
– अगर खांसी जà¥à¤•ाम को 2 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ हो गया है, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ जरूर कर लें।
| --------------------------- | --------------------------- |